Posted in नुक्ताचीनी साहित्य प्रजातंत्र एक अबूझ पहली है जिसका आधार भ्रम है Estimated read time 1 min read Posted on January 1, 2018January 1, 2018 by Pavan Kumar Yadav प्रजातंत्र के रक्षकों के लिए संविधान सिर्फ एक ढाल बनकर रह गया है जो समय-समय पर इन्हें सत्य पर असत्य…