हत्या

राम चाहते हैं कि 21वीं सदी में उनके ‘भक्त’ उन्हेंं भूल ही जाएं!

राम लाचार हैं, ठीक उसी तरह जिस तरह से भारतीय संविधान. कुछ नहीं कर सकते. लेकिन उनकी अवधारणा ऐसी आदर्श स्थिति की है, जिसके लिए हिंदुस्तान में कोई जगह नहीं है.

‘वेश्या’ बोलने पर बीवी ने ली पति की जान, सुप्रीम कोर्ट ने कहा यह हत्या नहीं

सुप्रीम कोर्ट ने एक हत्या के मामले में फैसला देते हुए कहा है कि अगर महिला को ‘वेश्या’ बोला गया तो इसे हत्या नहीं माना...