Author: लोकल डिब्बा टीम
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कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व कहीं पार्टी को खत्म न कर दे
ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन के अध्यक्ष और हैदराबाद से सांसद असदउद्दीन ओवैसी की बात ठीक ही लग रही है कांग्रेस पार्टी राजनीतिक धरातल से साफ हो चुकी है और इसे कैल्शियम का इंजेक्शन देने बाद भी पुनर्जीवित नहीं किया जा सकता.
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IT अधिकारी का आरोप- CBDT चीफ ने कहा- विपक्षी नेता पर रेड डालने के बाद मेरी कुर्सी सेफ है
पूंजीपतियों के दम पर हासिल की गई सत्ता अकसर उनकी गुलामी करती रहती है। नैतिक, अनैतिक हर तरह की छूट पूंजीपतियों को हासिल होती है। कानून अगर इन ‘आकाओं’ पर हाथ डालने की कोशिश करता है तो दूसरा ‘कानून’ उन्हें बचाने की कोशिश करने लगता है। ऐसे ही कुछ आरोप सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेस…
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किसका है डर, जो गौतम नवलखा केस छोड़ रहे हैं ‘मी लॉर्ड’?
सामाजिक कार्यकर्ता और नक्सलियों से संपर्क रखने के आरोपी गौतम नवलखा की याचिका ने सुप्रीम कोर्ट के छक्के छुड़ा दिए हैं। न्याय व्यवस्था को ‘सुचारु’ रूप से चलाने बैठे सुप्रीम कोर्ट के जज इस मामले की सुनवाई से पीछे हट रहे हैं। चीफ जस्टिस रंजन गोगोई समेत कुल 5 जज अबतक सुनवाई से हट चुके…
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मिलती मुद्दत में है और पल में हँसी जाती है
आप की याद भी बस आप के ही जैसी है, आ गई यूँही अभी यूँही अभी जाती है।
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युद्ध अपरिहार्य न हो तो गांधी वक़्त की ज़रूरत हैं
भारत में किसी की भी सरकार आए……गांधी को पूजना उसकी मजबूरी है, लेकिन उनके सिद्धातों को अपनाना नहीं. कोई अपना भी नहीं सकता. गांधी आदर्श स्थिति हैं.
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भारत के लिए शांति, पाकिस्तान के लिए परमाणु बम है प्राथमिकता
अगर हम गौर करें तो पाकिस्तान के साथ भारत का रुख बंटवारे के बाद से एक जैसा रहा है. जब कांग्रेस की सरकार रही तब भी, जब गैर कांग्रेसियों की रही तब भी. मनमोहन सिंह भी पाकिस्तान के लिए उतने ही बुरे थे, जितने नरेंद्र मोदी हैं.
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सिर पर हैं चुनाव, फ्लाइट मोड में क्यों है कांग्रेस हाई कमान?
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी की इन चुनावों में क्या भूमिका होने वाली है, किसी को कानों-कान खबर नहीं है। प्रियंका गांधी का पूरा ध्यान यूपी पर है सोनिया गांधी का पी चिदंबरम पर।
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रामधारी सिंह दिनकर युद्ध की संभावना पर क्या कहते?
दिनकर व्यक्ति नहीं रहे। दिनकर एक चेतना हैं। एक राष्ट्र की चेतना। केवल भारत की नहीं, किसी भी स्वाभिमानी राष्ट्र की चेतना। वह वीर रस के कवि माने गए लेकिन उनकी सर्वश्रेष्ठ कृति उसे मानी गई जिसमें उन्होंने प्रेम लिखा।

