Category: बवंडर
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अन्ना हजारे का अनशन: इतिहास बनेंगे या इतिहास दोहराएंगे
अन्ना हजारे ने दिल्ली के रामलीला मैदान में अनशन शुरू कर मोदी सरकार को ललकार दिया है. उनके अनुसार ये आंदोलन जनलोकपाल, किसानों की समस्याओं’ और चुनाव में सुधारों के लिए एक सत्याग्रह होगा
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किसान मार्च: जीते हमेशा गांधी हैं, गोडसे कभी नहीं जीत सकता
11 मार्च 2018 को प्रधानंत्री नरेंद्र मोदी संसद में बोलते हैं कि भारतीय राजनीति में सड़क के संघर्ष और धरना प्रदर्शनों की बहुत जगह नहीं रही गई है। अगले ही दिन उन्हें दिखाते हैं कि तरीका अगर गांधी वाला होगा तो सत्ता को संघर्ष के आगे झुकना ही पड़ेगा। महाराष्ट्र के 30,000 किसानों ने नासिक…
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तो क्या मोदी से भी बड़े हो गए हैं विराट कोहली..!
मोदी के कैबिनेट के मंत्री जितना मोदी की बात को तवज्जो नही देते, उससे अधिक तवज्जो क्रिकेट बोर्ड अपने कप्तान कोहली को देता है
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अपनी प्राइवेसी छिनने पर क्या सोचता है आधार?
आप बस अपनी प्राइवेसी की सोचते हो, क्या आपने मेरा कुछ सोचा कभी, मैं इतनी जगह लिंक होकर कैसा फील कर रहा हूँ? आपको क्या पता इसी लिंकअप के कारण मेरी गर्लफ़्रेंड मुझे छोड़कर वोटर कार्ड भाई के पास चली गई, उसने बोला वोटर कार्ड तो बस 18+ का ही है और तुम्हारा तो तुम्हें…
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उस ‘शून्य’ की कहानी, जिसे ‘डक’ कहा जाता है!
बिना एक भी गेंद खेले शून्य पे आउट होने वाले बल्लेबाज़ के लिए डायमंड डक का उपयोग किया जाता है
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कौन है ‘धनमस्त’ बीसीसीआई से बिहार का हक छीनने वाला शख्स?
आज से सत्रह बरस पहले भारत के सबसे प्राचीन वैभवशाली साम्राज्य मगध के एक हिस्से और आधुनिक बिहार का विभाजन किया गया था और एक नया राज्य झारखंड अस्तित्व में आया था। इन दोनों राज्यों के बीच लगे ‘सीमा समाप्ति’ के बोर्ड ने बिहार के घरेलू क्रिकेटरों की क्रिकेटीय आकांक्षा के पर कुतर दिए थे।…
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तमिल राजनीति में शुरू होगा ‘थलाइवा’ का ‘सियासी शो’
सुपरस्टार रजनीकांत ने अपनी राजनीतिक पारी शुरू करने की घोषणा कर दी है. जयललिता के रहते एकदम शांत और एकछत्र राज के तहत चल रहा तमिलनाडु जयललिता की मौत के बाद से एकदम अशांत हो चला था. पहले शशिकला का खुद को उनकी असली उत्तराधिकारी बताकर पार्टी और सरकार पर कब्जा और फिर नाटकीय रूप…
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इंटरनेट डकैती: रकम देने के बाद भी पिंड ना छोड़ने वाला भूत
पुराने जमाने में डकैती या चोरी कैसे होती थी? घोड़े पर विराजमान होकर अपराध जगत के देवता लोग आते थे या कोई निपुण राजगीर टाइप मानस दीवार की सेंध काट देता था और माल लेकर रफूचक्कर हो जाता था। अब जमाना इंटरनेट वाला हो गया है, घर बैठे आपके कम्प्यूटर में कब सेंध लग जाये,…
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6 दिसंबर 1992: उन्माद को नया रूप देने वाली एक तारीख
यहां मेरी बात पढ़कर अगर आप भी मुझे मुगल प्रेमी, हिंदू विरोधी, फर्जी सेकुलड़ या देशद्रोही जैसी उपाधियां देने दौड़े आते हैं तो सच कहता हूं कि आप के दिमाग में सिर्फ भूसा भरा है। हल्ला करते हुए नहीं मन में शांति से ‘जय श्री राम’ बोलिए मन को शांति मिलेगी और आंखों पर से…
