फ्रांस जैसा सत्ता विरोधी प्रदर्शन क्या भारत में हो सकता है?

भारत में शादियों का सीजन चल रहा है। हम सब अभी तक ‘पिक-नीक’ और ‘दीपवीर’ की शादियों के हैंगओवर से बाहर नहीं आ पाए हैं। […]

क्रिकेट छोड़कर बीजेपी में जा रहे हैं गौतम गंभीर?

भारतीय क्रिकेट टीम के लिए लंबे समय तक ओपनिंग करने वाले बल्लेबाज गौतम गंभीर ने क्रिकेट के सभी फॉर्मैट से संन्यास ले लिया है। उन्होंने […]

एमपी चुनाव: धूल झाड़कर उठ खड़ी हो पाएगी कांग्रेस?

Madhya Pradesh Elections: पूरे चुनावी रण में मतदाताओं की खामोशी ने राजनेताओं के दिलो दिमाग में तड़प पैदा कर दी थी. बीजेपी और कांग्रेस के बड़े नेताओं तक को यह नहीं पता चल पाया कि वो जिस भाग्य विधाता से रोज मिलने जा रहे हैं वो मतदान किसको करेगा.

बिहार परिवहन: जाति की गाड़ी और ‘सुशासन’ का पहिया

आजादी के इतने सालों के बाद भी व्यवस्था लाख दावे करे लेकिन वह जाति व्यवस्था को कमजोर नहीं कर सकी है। अगर दूसरे शब्दों में […]

विकलांग को दिव्यांग कहने का समाज में कितना असर हुआ?

दिव्यांग शब्द सुनते ही हर किसी के मन में दया का भाव पैदा होता है। बड़ी तत्परता से लोग सहानुभूति दिखाने को आतुर हो जाते […]

मिर्जापुर रिव्यू: ड्रामा का मसाला कुटाया थोड़ा कम है गुरु

पंकज त्रिपाठी, मनोज वाजपेई और नवाजुद्दीन सिद्दीकी जैसे कलाकारों ने पिछले कुछ समय में अपनी ऐक्टिंग से यह पुख्ता किया है कि अगर फिल्म में […]

जन्मदिन: आदिवासियों के ‘धरती आबा’ उर्फ बिरसा मुंडा

“महारानी राज तुंदु जाना ओरो अबुआ राज एते जाना” यानी कि ‘(ब्रिटिश)महारानी का राज खत्म हो और हमारा राज स्थापित हो’। ये बोल यूं तो […]