ज़िन्दगी सिर्फ मोहब्बत नहीं कुछ और भी है: साहिर लुधियानवी

विभाजन के बाद साहिर ने हिंदुस्तान छोड़ दिया और पाकिस्तान चले गए। उस दौर के मशहूर फिल्म निर्देशक थे ख्वाजा अहमद अब्बास। अब्बास साहिर के […]

फिल्मों को राजनीतिक अखाड़े में खींचना कितना जायज?

तमिल के सुपरस्टार विजय की पिछले दिनों रिलीज़ हुई फ़िल्म मर्सल (mersal) को लेकर खड़ा हुआ विवाद पूरा राजनीतिक रंग ले चुका है। मीडिया में […]

भगोड़े बने थे भाजपाई अब हालत धोबी के कुत्ते जैसी

राजनीति में दल बदलना कोई बड़ी बात नहीं। पिछले साल से तो यह अब हर विधानसभा चुनाव में देखने को मिल जाता है। यहां वो […]

मीडिया का ग्लैमर और वास्तविकता

लाइट कैमरा एक्शन के साथ शुरू होने वाली हर चीज़ मूवी नहीं होती। एंकर हो या रिपोर्टर एक विशेष आवाज के साथ अपना प्रोग्राम शुरू […]